Falgun Amavasya 2025: फाल्गुन अमावस्या कल; स्नान का मुहूर्त और पूजा-विधि जानें

Falgun Amavasya 2025 Time: 2025 गुरुवार, 27 फरवरी, 2025 को फाल्गुन अमावस्या होगी। इस दिन श्री हरि विष्णु भगवान की पूजा विधिपूर्वक की जाएगी। जानें स्नान-दान की पूजा की विधि, महत्व और पूजा की विधि-
Falgun Amavasya 2025 Time: धार्मिक मान्यताओं में फाल्गुन अमावस्या बहुत महत्वपूर्ण है। गुरुवार, 27 फरवरी, 2025 को फाल्गुन अमावस्या होगी। इस दिन श्री हरि विष्णु भगवान की पूजा विधिपूर्वक की जाएगी। फाल्गुन अमावस्या के दिन विधिवत भगवान विष्णु की पूजा करने से लाभ मिलता है। इसलिए आइए जानते हैं फाल्गुन अमावस्या पर स्नान-दान का मुहूर्त, महत्व और पूजा-विधि:
फाल्गुन अमावस्या कल: फरवरी 27, 2025 को फाल्गुन पक्ष की अमावस्या होगी, जो सुबह 08:54 बजे शुरू होगी और फरवरी 28, 2025 को सुबह 06:14 बजे समाप्त होगी। दृक पंचांग के अनुसार, फाल्गुन अमावस्या 27 फरवरी 2025 को होगी।
जानें स्नान करने का समय: फरवरी 27 को सुबह 05:08 से 05:58 तक ब्रह्म मुहूर्त, शिव योग रात 11:41 तक व शुभ चौघड़िया मुहूर्त सुबह 06:48 से 08:15 तक रहेगा। इस समय दान करना शुभ होगा।
पूजा-पाठ
1. स्नान आदि करके मंदिर साफ करें
2. गणेश जी को प्रणाम करें
3. विष्णु को गंगाजल और पंचामृत से अभिषेक करें
4. अब प्रभु को पीला चंदन और पुष्प दें।
5. मंदिर में घी का दीपक जलाएं
6. श्री विष्णु चालीसा पढ़ें
7. पूरी श्रद्धा से श्रीकृष्ण की आरती करें
8. तुलसी दल सहित भोग लगाएं
9. अंत में क्षमा प्रार्थना करें
महत्त्व: फाल्गुन अमावस्या पर स्नान करना और दान करना बहुत महत्वपूर्ण है। फाल्गुन अमावस्या पर दान करने से पितृ दोष का असर कम हो सकता है। फाल्गुन अमावस्या पर पवित्र नदियों में स्नान करना भी आवश्यक है। वहीं, इस दिन गाय, कौवे और कुत्ते को भोजन कराने से जीवन के कष्ट दूर हो सकते हैं।