
Bhagalpur Smart City Tender: स्मार्ट सिटी मिशन के तहत भागलपुर शहर में तैयार की गई विभिन्न विकास परियोजनाओं और सार्वजनिक संपत्तियों के कुशल संचालन तथा बेहतर रखरखाव के लिए एजेंसियों की बहाली प्रक्रिया तेज हो गई है। भागलपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड (BSCL) द्वारा जारी एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (ईओआई) के तहत निर्धारित शेड्यूल के अनुसार तकनीकी और वित्तीय बिड खोल दिए गए हैं।
इस प्रक्रिया में देश-प्रदेश की कुल 28 एजेंसियों ने अपनी दावेदारी पेश करते हुए आवेदन जमा किए हैं। वर्तमान में स्मार्ट सिटी प्रबंधन की तकनीकी समिति द्वारा सभी 28 आवेदनों के दस्तावेजों का बारीकी से मूल्यांकन किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, बुधवार को तय मानकों पर खरी उतरने वाली पात्र एजेंसियों की पहली शॉर्टलिस्ट तैयार कर ली जाएगी।
12 प्रमुख क्षेत्रों में बंटेगी जिम्मेदारी, वाटर स्पोर्ट्स से घाट प्रबंधन तक शामिल
स्मार्ट सिटी प्रबंधन ने संपत्तियों के रख-रखाव को व्यवस्थित करने के लिए कुल 12 प्रमुख कार्यक्षेत्र निर्धारित किए हैं। चयनित एजेंसियों को इन्हीं क्षेत्रों में अपनी विशेषज्ञता के आधार पर सेवाएं देनी होंगी।
स्मार्ट सिटी एजेंसी चयन: एक नजर में मुख्य विवरण
कार्य: स्मार्ट सिटी परियोजनाओं व संपत्तियों का संचालन, रखरखाव एवं प्रबंधन।
जारी प्रक्रिया: एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (EOI)।
कुल प्राप्त आवेदन: 28 एजेंसियां।
कुल चिन्हित क्षेत्र (Sectors): 12 प्रमुख क्षेत्र।
प्रमुख कार्य क्षेत्र: घाट प्रबंधन, वाटर स्पोर्ट्स, फैसिलिटी मैनेजमेंट, आर्किटेक्चरल कंसल्टेंसी, इवेंट मैनेजमेंट, सिविल वर्क्स आदि।
वर्तमान स्थिति: आवेदनों का तकनीकी-व्यावसायिक मूल्यांकन जारी; बुधवार को शॉर्टलिस्ट तय होगी।
स्रोत/प्रवक्ता: पंकज कुमार (पीआरओ, भागलपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड)।
इनमें प्रमुख रूप से रिवर फ्रंट व घाट प्रबंधन, वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां, फैसिलिटी मैनेजमेंट, आर्किटेक्चरल कंसल्टेंसी, इवेंट मैनेजमेंट और सिविल मेंटेनेंस वर्क्स जैसे महत्वपूर्ण सेक्टर शामिल हैं। एजेंसियों की तैनाती के बाद स्मार्ट सिटी की परियोजनाओं को न केवल लंबे समय तक सुरक्षित रखा जा सकेगा, बल्कि स्थानीय नागरिकों को विश्वस्तरीय सुविधाएं भी मिल सकेंगी।
तकनीकी व वित्तीय जांच के बाद होगा अंतिम चयन
भागलपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के जनसंपर्क पदाधिकारी (पीआरओ) पंकज कुमार ने बताया कि सभी 28 आवेदनों की तकनीकी योग्यता, कार्य अनुभव और व्यावसायिक साख की गहन जांच की जा रही है। पहले चरण में पात्र पाई जाने वाली एजेंसियों को शॉर्टलिस्ट किया जाएगा।
इसके बाद नियम और शर्तों के अनुसार आगे की निविदा प्रक्रिया पूरी कर अंतिम रूप से एजेंसियों को कार्यादेश दिया जाएगा। एजेंसियों की नियुक्ति पूरी होते ही शहर में स्मार्ट सिटी के तहत निर्मित परिसंपत्तियों का व्यावसायिक और जनहितैषी उपयोग और अधिक प्रभावी ढंग से सुनिश्चित हो सकेगा।



